नशीली दवाओं की तस्करी से जुड़े गैंग पर मोहाना पुलिस की कार्रवाई, गैंगस्टर एक्ट में वांछित तीन गिरफ्तार

सिद्धार्थनगर। अपराध एवं अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना मोहाना पुलिस ने नशीली दवाओं की तस्करी से जुड़े मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए यूपी गैंगस्टर एक्ट में वांछित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने तीनों आरोपियों को सड्डा तिराहे के पास से गिरफ्तार कर आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी करने के बाद न्यायालय भेज दिया।
यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थनगर डॉ. अभिषेक महाजन के आदेश पर, अपर पुलिस अधीक्षक प्रशान्त कुमार प्रसाद के निर्देशन तथा क्षेत्राधिकारी सदर विश्वजीत सौरयान (IPS) के पर्यवेक्षण में की गई। थाना प्रभारी मोहाना जितेन्द्र सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने 24 सितंबर 2026 को गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे में वांछित आरोपियों की तलाश के दौरान उन्हें गिरफ्तार किया।
तीन आरोपी गिरफ्तार
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इमरान पुत्र अनवर अली निवासी सिकरी बाजार, थाना मोहाना, सुहेल उर्फ मोहम्मद नसीम शेख पुत्र मोहम्मद रजा शेख निवासी मुडिला, थाना मधुबेनिया, जनपद रुपनदेही, नेपाल और विजय शेखर यादव पुत्र प्यारे लाल यादव निवासी चैनपुर, थाना मोहाना, जनपद सिद्धार्थनगर के रूप में हुई है।
तीनों के खिलाफ थाना मोहाना में मु0अ0सं0 142/2026, धारा 2(ख)(2)/3(1) यूपी गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज है। पुलिस का कहना है कि आरोपी इस मामले में वांछित चल रहे थे।
नशीली दवाओं की तस्करी से जुड़ा है मामला
पुलिस के मुताबिक तीनों आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है। थाना मोहाना में दर्ज मु0अ0सं0 22/2026 में आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8, 22, 23, 27(ए) और 29 के तहत कार्रवाई की गई थी। यह मामला कोडीन युक्त सिरप और नशीली टैबलेट की बरामदगी से संबंधित है।
पुलिस के अनुसार इसी आपराधिक गतिविधि से जुड़े तथ्यों के आधार पर आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की गई।
पुलिस टीम ने की गिरफ्तारी
गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक जितेन्द्र सिंह, थाना प्रभारी मोहाना, उपनिरीक्षक सुदीप कुमार यादव, चौकी प्रभारी लालपुर, हेड कांस्टेबल रामयश यादव, हेड कांस्टेबल आत्मानन्द नायक, कांस्टेबल सौरभ कुमार, कांस्टेबल जयगोविन्द और कांस्टेबल सन्दीप पासवान शामिल रहे।
पुलिस ने गिरफ्तार तीनों आरोपियों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी कर उन्हें माननीय न्यायालय के समक्ष पेश करने के लिए भेज दिया।




