महराजगंज: कोल्हुई में बिजली के तार को लेकर दो पक्षों में मारपीट, दरोगा बोले—सुलह हो गई; कानून-व्यवस्था पर उठे सवाल
वायरल वीडियो में एक दर्जन से अधिक लोग दिखाई देने का दावा, कई लोगों के घायल होने की सूचना; थाना प्रभारी से संपर्क की कोशिश नाकाम, एसपी के हस्तक्षेप की उठी मांग

महराजगंज। कोल्हुई थाना क्षेत्र की ग्राम सभा बड़गो के टोला मलंगडीह डीह में बिजली का तार हटाने और काटने को लेकर दो पक्षों के बीच हुई मारपीट का मामला अब पुलिस की कार्रवाई को लेकर चर्चा में है। 16 अक्टूबर 2026 को दोपहर करीब दो बजे के बाद हुई इस घटना का वीडियो सामने आया था। इसमें कई लोग आपस में मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं। घटना में दोनों पक्षों के कई लोगों के घायल होने की बात भी सामने आई है।
दरोगा बोले—दोनों पक्षों में सुलह हो गई
इस मामले में जब कोल्हुई थाने के दरोगा राजीव सिंह से जानकारी ली गई तो उन्होंने बताया कि दोनों पक्षों के बीच सुलह हो गई है। जब उनसे कानून-व्यवस्था और मारपीट की घटना में पुलिस की कार्रवाई को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने थाना प्रभारी से बात करने की सलाह दी।
इसके बाद थाना प्रभारी आलोक कुमार सिंह से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनका फोन नहीं उठा। वहीं, इस संबंध में क्षेत्राधिकारी फरेंदा दीपशिखा वर्मा से भी संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे बात नहीं हो सकी।
वीडियो में कई लोग, फिर सिर्फ सुलह से कैसे बनेगी बात?
घटना से जुड़े वायरल वीडियो में एक दर्जन से अधिक लोगों के दिखाई देने का दावा किया जा रहा है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की गई? क्या वीडियो में दिखाई देने वाले लोगों की पहचान की गई? क्या घायलों की चोटों और घटना में उनकी भूमिका की जांच हुई? या फिर दोनों पक्षों के बीच सुलह होने के आधार पर ही मामले को समाप्त मान लिया गया?
हालांकि, इन सवालों पर पुलिस का विस्तृत आधिकारिक पक्ष सामने आना बाकी है। यह भी स्पष्ट होना जरूरी है कि मामले में कोई शिकायत या मुकदमा दर्ज हुआ है या नहीं और पुलिस ने नियमानुसार क्या कार्रवाई की है।
कानून-व्यवस्था को लेकर उठे सवाल, एसपी के हस्तक्षेप की मांग
स्थानीय स्तर पर इस घटना को लेकर कानून-व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। लोगों का कहना है कि यदि मारपीट की गंभीर घटनाओं में केवल सुलह के आधार पर मामला समाप्त कर दिया जाता है और नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई नहीं होती, तो इससे भविष्य में विवाद बढ़ने की आशंका बनी रह सकती है।
अब महराजगंज के पुलिस अधीक्षक शक्ति मोहन अवस्थी से इस मामले का संज्ञान लेकर निष्पक्ष जांच कराने और नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग उठ रही है।
बड़ा सवाल
क्या दोनों पक्षों के बीच सुलह हो जाने मात्र से मारपीट की घटना में पुलिस की जिम्मेदारी समाप्त हो जाती है, या वीडियो, चोटों और घटना में शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर कानून के अनुसार कार्रवाई करना भी जरूरी है?
रहस्य न्यूज का उद्देश्य किसी पर आरोप लगाना नहीं, बल्कि घटना से जुड़े तथ्यों और पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाकर जवाबदेही सुनिश्चित करना है। मामले में पुलिस का आधिकारिक पक्ष मिलने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।




